Published:
20 Feb 2026, 10:53 AM
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Updated:
20 Feb 2026, 10:53 AM
Category:
उत्तराखंड
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By: Admin
रामनगर/देहरादून। उत्तराखंड के लाखों छात्र-छात्राओं की अग्निपरीक्षा का समय आ गया है। उत्तराखंड विद्यालयी शिक्षा परिषद की बोर्ड परीक्षाएं आगामी 21 फरवरी से शुरू होने जा रही हैं। अब जबकि परीक्षाओं में केवल दो दिन का समय शेष है, रामनगर स्थित बोर्ड मुख्यालय से लेकर प्रदेश के अंतिम छोर तक के परीक्षा केंद्रों पर सरगर्मियां तेज हो गई हैं। सचिव विनोद प्रसाद सिमल्टी ने स्पष्ट किया है कि परीक्षा को पारदर्शी बनाने के लिए हर स्तर पर चौकसी बरती जाएगी।
बोर्ड सचिव ने बताया कि इस वर्ष प्रदेश भर से 2,15,252 परीक्षार्थी पंजीकृत हैं। हाईस्कूल में जहां 1,12,266 छात्र अपनी पहली बड़ी परीक्षा देंगे, वहीं इंटरमीडिएट में 1,02,986 छात्र भविष्य की नींव रखेंगे। खास बात यह है कि पिछले साल के मुकाबले इस बार केंद्रों की संख्या 1245 से बढ़ाकर 1261 कर दी गई है, ताकि परीक्षार्थियों को आवाजाही में अधिक असुविधा न हो।
बोर्ड ने सुरक्षा और पारदर्शिता को लेकर इस बार कोई कसर नहीं छोड़ी है। प्रदेश के 156 केंद्रों को संवेदनशील और 6 केंद्रों को अतिसंवेदनशील घोषित किया गया है। इन केंद्रों पर न केवल सीसीटीवी कैमरों से लाइव निगरानी होगी, बल्कि विशेष उड़नदस्ते (Flying Squads) औचक छापेमारी करेंगे। बोर्ड का स्पष्ट संदेश है—कोताही बरतने वाले केंद्र व्यवस्थापकों और शिक्षकों पर भी गाज गिर सकती है।
परीक्षाओं के सुचारू संचालन के लिए सभी जिलों के मुख्य शिक्षा अधिकारियों को निर्देश जारी कर दिए गए हैं। उत्तर पुस्तिकाओं और प्रश्न पत्रों की सुरक्षा के लिए थानों और चौकियों में पुख्ता इंतजाम किए गए हैं। सचिव सिमल्टी ने परीक्षार्थियों को शुभकामनाएं देते हुए अपील की है कि वे बिना किसी तनाव के परीक्षा दें और अनुचित साधनों से दूर रहें।
